खगड़िया/परबत्ता के अगुवानी घाट से सुल्तानगंज के लिए रविवार की शाम करीब 6 बजे अंतिम नाव खुलने वाली थी। इस पर करीब 100 लोग सवार थे। नाव खुलने ही वाली थी कि अचानक गंगा नदी पर बन रहा फोरलेन पुल टूटकर गिरने लगा।

चंद सेकेंड में ही पुल का करीब 400 मीटर हिस्सा टूटकर नदी में धराशाई हो गया। इससे गंगा नदी में करीब 50 फीट ऊंची लहरें उठीं। इस कारण किनारे पर खड़ी नाव डगमगाने लगी। नाव में सवार लोगों के बीच अफरातफरी मच गई। चीख पुकार मची और लोग नाव से कूदकर भागने लगे। अगर नाव कुछ सेकेंड पहले खुल जाती तो एक बड़ा हादसा हो सकता था।

नाव सवार करीब 200 लोगों की जान चंद सेकेंड के फासले के कारण बच गई।

पुल से 100 मीटर दूरी पर थी नाव

अगुवानी-सुल्तानगंज फोरलेन पुल से 100 मीटर पश्चिम अगुवानी घाट से सुल्तानगंज के लिए प्रतिदिन आधे घंटे के अंतराल पर नाव खुलती है। रविवार की शाम नाव स्टार्ट होकर चंद सेकेंड बाद खुलने वाली थी।

बताया जाता है कि अगुवानी घाट से जब सुल्तानगंज के लिए नाव खुलती है तो मुख्य धारा को पार करने के लिए पहले पुल की तरफ ही बढ़ती है। ऐसे में नाव सवार करीब 100 लोगों की जान चंद सेकेंड के फासले के कारण बच गई।

नाव पर सवार थी अधिकांश महिलाएं

सुल्तानगंज के लिए खुलने वाली नाव पर अधिकांश महिला यात्री ही सवार थीं। इसके अलावा बच्चे और बुजुर्ग भी थे। नाव पर करीब एक दर्जन बाइक भी लोड थी। पुल के धराशाई होने पर मची अफरातफरी के बीच नाव चलाने वाले कर्मी लोगों को स्थिर रहने की बात कह रहे थे। लेकिन लोग अपनी जान बचाने के लिए नाव से कूदकर भागते रहे।

Gurudev kumar

Editor-in-chief

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here